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Monday, 30 December 2013

आम हुवे *आमात्य कुल, ख़ास काढ़ते खीस-


अच्छा-खासा वर्ष यह, गत वर्षों से बीस |
आम हुवे *आमात्य कुल, ख़ास काढ़ते खीस |
*मंत्री  

ख़ास काढ़ते खीस, देख ईश्वर की सत्ता |
बिन उनके आशीष, हिले ना जग में पत्ता |

हो जग का कल्याण, पूर्ण हो जन-गण आसा |
हों हर्षित तन-प्राण, वर्ष हो अच्छा-खासा ||

8 comments:

  1. बहुत बढिया....आप को नववर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं..

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  2. बहुत सुन्दर प्रस्तुति।
    --
    गये साल को है प्रणाम!
    है नये साल का अभिनन्दन।।
    लाया हूँ स्वागत करने को
    थाली में कुछ अक्षत-चन्दन।।
    है नये साल का अभिनन्दन।।...
    --
    नवल वर्ष 2014 की हार्दिक शुभकामनाएँ।

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  3. सुप्रभात।
    --
    सुन्दर प्रस्तुति।
    --
    गये साल को है प्रणाम!
    है नये साल का अभिनन्दन।।
    ईस्वीय नववर्ष 2014 की हार्दिक शुभकामनाएँ।
    आपका हर दिन मंगलमय हो।

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  4. हो जग का कल्याण, पूर्ण हो जन-गण आसा |
    हों हर्षित तन-प्राण, वर्ष हो अच्छा-खासा ||

    बहुत सुन्दर रविकर जी .

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  5. आपको भी सपरिवार शुभ वर्ष शुभ भावनाएं समर्पित नव वर्ष स्वागतार्थ।

    सभी मुखचिठियों को नया वर्ष करता है प्रणाम ,लाये शुभ भावना और मंगल हर दिन।

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  6. रोंप खुशियों की कोंपलें
    सदभावना की भरें उजास
    शुभकामनाओं से कर आगाज़
    नववर्ष 2014 में भरें मिठास

    नववर्ष 2014 आपके और आपके परिवार के लिये मंगलमय हो ,सुखकारी हो , आल्हादकारी हो

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  7. ख़ास काढ़ते खीस, देख ईश्वर की सत्ता |
    बिन उनके आशीष, हिले ना जग में पत्ता |

    हो जग का कल्याण, पूर्ण हो जन-गण आसा |
    हों हर्षित तन-प्राण, वर्ष हो अच्छा-खासा ||
    ख़ास चिठ्ठा २०१४ खोलेगा कच्चा पकी हुई कांग्रेस का .

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